स्टैण्डर्ड स्वीट्स बागपत रोड मेरठ वाले की बासी और घटिया छेना टोस्ट मिठाई खाकर उल्टी-दस्त और तबियत ख़राब, मुख्यमंत्री योगी से शिकायत

  • [By: Meerut Desk || 2025-03-31 16:40 IST
स्टैण्डर्ड स्वीट्स बागपत रोड मेरठ वाले की बासी और घटिया छेना टोस्ट मिठाई खाकर उल्टी-दस्त और तबियत ख़राब, मुख्यमंत्री योगी से शिकायत

मेरठ। तमाम छोटे बड़े त्योहारों पर प्रदेश की योगी सरकार खाद्य सामग्री बेचने वालों की दुकानों से जाँच कराती है। इसके लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने मिलावटी खाद्य वस्तुओं, घटिया, नकली दवाओं की बिक्री और निर्माण को रोकने के लिए तथा प्रभावी रूप से खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम, 2006 तथा औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम, 1940 के प्रावधानों को लागू करने के लिए एक अलग से खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग का गठन किया है।

लेकिन घटिया और मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री धड़ल्ले से जारी है। क्षेत्रीय खाद्य और औषिधि प्रशासन त्योहारों के समय खाने-पीने का सामान बेचने वाली कई दुकानों से सैंपल लेता है। लेकिन शायद ही किसी मिलावटखोर के खिलाफ कोई कार्यवाई हुई हो। घटिया और महंगी खाद्य सामग्री ऊँची कीमत पर बेचकर दुकानदार लोगों के जीवन से खिलवाड़ कर रहे है। 

क्या है मामला: दरअसल कल शाम यानी 30 मार्च 2025 को वरिष्ठ पत्रकार पीके वर्मा ने बागपत रोड स्थित Standard Sweets दुकान से एक किलो गुलाब जामुन, आधा किलो रसभरी और एक किलों छेना टोस्ट ख़रीदे। घर पर छेना टोस्ट का एक एक टुकड़ा खाते ही परिवार के तीन सदस्यों की तबियत ख़राब हो गई। पेट में दर्द और दस्त शुरू हो गए। ग़ौरतलब है कि दुकानदार अपने सामान को कभी भी गलत नहीं सिद्ध होने देगा। उसकी सिर्फ एक ही प्रतिक्रिया होती है: नहीं, ऐसा नहीं हो सकता। 

वरिष्ठ पत्रकार पीके वर्मा ने अपने ट्विटर हैंडल से सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, खाद्य और औषधि प्रशासन एवं जिलाधिकारी मेरठ को टैग करते हुए घटिया और  मिलावटी भोज्य सामग्री बेचने वालों के खिलाफ कड़ी कार्यवाई करने की अपील की है:

"कल शाम स्टैण्डर्ड स्वीट्स बागपत रोड मेरठ से छेना टोस्ट मिठाई खरीदी जिसे खाकर मेरी बेटी और पत्नी की तबियत ख़राब हो गई। मुझे भी उलटी-दस्त हो गए। घटिया खाद्य सामग्री बेचने वालों के ख़िलाफ़ शासन-प्रशासन को सख्त कार्यवाई करनी चाहिए।"

बागपत रोड स्थित Standard Sweets दुकान से खरीदी छेना टोस्ट के बाबत क्षेत्रीय क्षेत्रीय खाद्य और औषिधि प्रशासन दीपक कुमार सिंह को फोन किया तो उन्होंने कल Standard Sweets दुकान की जाँच कराने की बात कही। 

खाद्य सुरक्षा कानून: भारत में खाद्य सुरक्षा कानून, जिसे "खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम, 2006" (Food Safety and Standards Act, 2006) कहा जाता है। खाद्य पदार्थों के लिए विज्ञान-आधारित मानक निर्धारित करने और उनके निर्माण, भंडारण, वितरण, बिक्री और आयात को विनियमित करने के लिए बनाया गया है, ताकि लोगों को सुरक्षित और स्वस्थ भोजन मिल सके। 

खाद्य सुरक्षा कानून के अनुसार मिलावटी और घटिया खाद्य सामग्री बेचने वालों को आजीवन कारावास और भारी जुर्माने का प्रावधान है। लेकिन इन सब के बावजूद मिलावटी और घटिया खाद्य सामग्री बेचने का धंधा जोरों पर चल रहा है और संबंधित विभाग ख़ामोशी की चादर ओढ़ कर सोया हुआ है। 

SEARCH

RELATED TOPICS